गृहशोभा विशेष

क्या आप भी अपने दिन की शुरुआत कौफी के साथ करती हैं. तो आपको इसके फायदें के बारे मे पता होगा. इसमें पाया जाने वाला कैफीन हमारे शरीर को ऊर्जावान बनाता है. यह घातक बीमारियों से भी बचाव करता है. यह त्‍वचा, शरीर और दिमाग के लिए बहुत फायदेमंद है. इसलिए रोज कौफी का सेवन जरूर करें लेकिन सीमित मात्रा में. ऐसा इसलिए क्योंकि अधिक मात्रा में कौफी का सेवन करने से शरीर को कई नुकसान भी होते हैं. अगर अधिक मात्रा में कौफी का सेवन किया जाए तो आपको कई समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. आइए जानते हैं कौफी की लत से स्वास्थ्य को क्या नुकसान हो सकते हैं.

कई लोगों का मानना है कि कौफी अधिक पीने से अलग-अलग लोगों के शरीर पर इसका अलग-अलग असर पड़ता है. कहते हैं अगर कैफीन की 1000 mg से अधिक मात्रा ली जाए तो उस इंसान को इसकी लत पड़ जाती है. कैफीन को अधिक मात्रा में लेने से नर्वसनेस, नींद ना आना, उत्तेजित होना, हार्टबीट बढ़ना, ज्यादा यूरीन आना जैसी परेशानी हो सकती हैं.यही नहीं अगर 10 ग्राम से ज्यादा कैफीन ली जाए तो सांस लेने में दिक्कत आ सकती और मौत भी हो सकती है. अधिक कौफी पीने से लोगों को सिरदर्द, नकसीर, उल्टी आना जैसी परेशानियों से हमेशा शिकायत रहती है.

किडनी को नुकसान: कौफी में मूत्रवर्धक गुण होते हैं इस वजह से आपको बार बार पेशाब जाना पड़ सकता है. ज्यादा मात्रा में कैफीन आपके किडनी के स्वास्थ्य के लिए भी हानिकारक होता है. इसे किडनी फैलियर का भी खतरा बढ़ जाता है. 2004 में किए गए एक अध्ययन के मुताबिक काफी में मौजूद आक्सलेट खून में मौजूद कैल्शियम के साथ जुड़कर कैल्शियम आक्सलेट बनाता है जो गुर्दे की पथरी का मुख्य कारण होता है.

हड्डियों की कमजोरी: बहुत ज्यादा मात्रा में कौफी पीना आपकी हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए भी हानिकारक होता है. इससे हड्डियों का भुरभुरा होने और आस्टियोपेरोसिस होने का खतरा होता है. ज्यादा मात्रा में कैफीन लेने से हड्डियां भी पतली होने लगती हैं. अगर आप कौफी की लत से परेशान है और इसे छोड़ना चाहते हैं तो जितना हो सके पानी खूब पिएं. मन ना माने तो कौफी की जगह गर्म पानी में मिंट या दालचीनी डालकर पिएं.

चिंता या घबराहट होने लगना: कैफीन आपको सतर्क और ध्यान केंद्रित करने में मदद करता है, लेकिन इसके अधिक सेवन से आप को अकारण चिंता या घबराहट होने लगती है. जब आप ज्यादा कौफी पीने के आदी हो जाते हैं तो अगर आपको ये न मिले तो आपको चिंता और घबराहट होने लगती है.