आज के यूथ की सोच पर बनी फिल्म ‘डियर जिंदगी’

आज के यूथ और उनकी सोच को लेकर बनी निर्देशक गौरी शिंदे की फिल्म ‘डियर जिंदगी’ कुछ हद तक इसे दिखाने में सफल हुई है. ये सही है कि आज के युवा हर चीज जल्दी पा लेने की कोशिश करते हैं, पर रास्ते में आई समस्याओं से वे डर कर पीछे हट जाते हैं. ऐसे में क्या सही, क्या गलत इसकी समझ से परे, वे अपनी जिंदगी से दूर भागना चाहते हैं. जिसमें उनकी नींद, चैन सब कुछ खो जाती है. हर रिश्ता उनके लिए जंजाल लगता है.

‘इंग्लिश विंग्लिश’ की अपार सफलता के चार साल बाद गौरी शिंदे ने इस फिल्म को बनाई है, जिसमें अलिया भट्ट ने पूरी मेहनत कर अपनी अभिनय को निखारा है. उनका बार-बार अलग-अलग तरह का व्यवहार करना, उनका मानसिक रूप से टूट जाना, अकेले रहना आदि सभी भाव उन्होंने बखूबी निभाया है. इसमें आलिया का साथ अंगद बेदी, कुनाल कपूर, अली जफर, आदित्य रॉय कपूर और शाहरुख खान ने दिया है. शाहरुख खान मनोरोग चिकित्सक के रूप में जंचे हैं. फिल्म में गोवा और मुंबई के लोकेशन को अच्छी तरह फिल्माया गया है.

कहानी इस प्रकार है

कायरा (अलिया भट्ट) विदेश से सिनेमेटोग्राफी का कोर्स करने के बाद मुंबई में अपने दोस्तों के साथ मिलकर ऐड फिल्म्स बना रही होती है और उसे आगे चलकर बड़ी फीचर फिल्म बनाने की इच्छा है. काम के दौरान उसकी अच्छी पहचान रघुवेंद्र (कुनाल कपूर) के साथ होती है. दोनों की रिलेशनशिप ‘बेड’ तक पहुँच जाती है. ऐसे में जब वह अपने पुराने बॉयफ्रेंड सिड (अंगद बेदी) से यह बात कहती है तो वह उससे मुह मोड़ लेता है.

इधर कायरा जब वापस राघुवेंद्र के पास आती है तो उसे पता चलता है कि रघुवेंद्र अमेरिका एक बड़ी प्रोजेक्ट को लेकर अकेला जाने वाला है. वहां जाकर कुछ वजह से वह कायरा को इग्नोर करता है. ऐसे में कायरा गोवा अपने पेरेंट्स के पास जाती है, जहां उसे जाना कतई पसंद नहीं. वहां वह अपने पिता के एक दोस्त के होटल का वीडियो शूट करने के दौरान डॉ जहांगीर खान (शाहरुख खान) उर्फ जग से मिलती है. वह प्रभावित होती है और बार-बार मिलना जरुरी समझती है. वह उन्हें जीने की अलग-अलग तरीके बताते है. इस तरह कहानी धीरे-धीरे अंजाम तक पहुचती है.

कहानी अपने आप में पूरी है, लेकिन एक माता पिता अगर आर्थिक समस्या की वजह से अपने छोटी बच्ची को कुछ दिनों के लिए नाना-नानी या दादा-दादी के पास छोड़ जाते हैं और थोड़े दिनों बाद वापस आते हैं, तो गलत नहीं है. ऐसा हो सकता है. लेकिन ऐसे में बेटी का अपने माता-पिता से दूरियां बना लेना, हेट करना, किसी समस्या से भागना आदि कुछ हजम नहीं हुई.

फिल्म का पहला भाग अच्छा था पर दूसरे भाग में फिल्म धीमी थी और जरुरत से अधिक संवाद डॉक्टर जहांगीर और कायरा के बीच सिटींग में थी, जिसे कटशॉर्ट किया जा सकता था. फिल्म का टाइटल सांग ‘लव यू जिंदगी…’ कहानी के अनुसार थी. इसे थ्री स्टार दिया जा सकता है.

कम उम्र में ही सीख लें निवेश के गुर

सही समय पर अगर सही निवेश किया जाए तो आपका भविष्य सुनहरा हो सकता है. यहां निवेश से जुड़े कुछ ऐसे टिप्स हैं जो आपके सिक्योरड फ्यूचर के लिए जरूरी हैं.

1. कम बचत भी बेहतर

छोटी बचत भी बड़े काम की होती है. इसलिए हमें छोटी बचत में भी बड़ा फायदा सोचते हुए बचत की आदत डालनी चाहिए. मसलन, 8 वर्षों तक हर महीने 1000 रुपए इक्विटी फंड में निवेश कर आप तकरीबन 1 लाख रुपए की टैक्स फ्री रकम जमा कर सकते हैं.

2. टैक्स बचत की सही जानकारी

आमतौर 25 साल की उम्र में टैक्स सेविंग को लेकर युवा बहुंत गंभीर नहीं होते हैं. रेंट रिसिप्ट के जरिए मामूली टैक्स सेविंग के अलावा कोई बड़ी बचत या निवेश रणनीति युवाओं के दिमाग में नहीं आती. लेकिन उम्र के इस पड़ाव में अगर हम ELSS (Equity Linked Savings Scheme) जैसे निवेश विकल्पों में निवेश करने से टैक्स की बचत के साथ साथ अच्छे रिटर्न की भी संभावनायें हैं.

3. इक्विटी में निवेश की हो बेहतर जानकारी

लंबे समय तक इक्विटी फंड्स में निवेश आपको बेहतर रिटर्न दे सकता है. बीते 20 वर्षों के आंकड़े पर नजर डालें तो सेंसेक्स करीब 15 फीसदी की सालाना दर रिटर्न देने में सक्षम रहा है. ऐसे में अगर लंबे समय तक इंडेक्स फंड में ही आप सिप के माध्यम से निवेश करती हैं तो निश्चित तौर पर लंबी अवधि में बड़े रिटर्न प्राप्त कर सकती हैं.

4. उचित निवेश विकल्प का करें चुनाव

हमेशा ध्यान रखें कि अपनी बचत की रकम को ऐसी जगह निवेश करें जहां आपको रिटर्न महंगाई दर से ज्यादा मिले. मसलन, अगर आप बैंक में 8 फीसदी सालाना दर पर एफडी करवाती हैं और महंगाई की दर भी 8 फीसदी ही है तो आपके रिटर्न को महंगाई खत्म कर देती है. ऐसे में लंबे समय में आपके निवेश से आपको कोई फायदा नहीं होता है.

बालों से हर वक्त आयेगी भीनी-भीनी खुशबू

यह काफी नहीं है कि आपके बाल केवल दिखने में ही खूबसूरत लगें, बल्कि अगर उनमें खुशबू है तो आप किसी का भी ध्यान अपनी ओर खींच सकती हैं. बालों में खुशबू भरने के लिये आपको महंगे सीरम का प्रयोग करना जरुरी नहीं है बल्कि आप तो प्राकृति चीजों का भी प्रयोग कर सकती हैं.

बालों को अगर खुशबूदार बनाना है तो उन्हें गंदा बिल्कुल मत छोड़िये. क्या आप जानती हैं कि खुशबूदार तेल लगाने से भी आपके बाल महक सकते हैं. आज हम आपको कुछ आसान उपाय बताएंगे जिससे आप अपने बालों को महका सकती हैं.

बॉडी स्प्रे

अपने बालों पर बॉडी स्प्रे भी छिड़क सकती हैं. इससे आपके बालों में दिनभर खुशबू रहेगी. एक अच्छी क्वालिटी का स्प्रे खरीदें और उसे बालों से थोड़ी दूर पर स्प्रे करें, नहीं तो इसमें मौजूद अल्कोहल बालों की जड़ों को नुकसान पहुंचा सकता है.

खुशबूदार शैंपू लगाएं

रेगुलर शैंपू खरीदने के मुकाबले खुशबूदार शैंपू थोड़ा महंगे होते हैं. मगर कुछ खास मौके के लिये आपके पास इस तरह का शैंपू भी होना चाहिये.

ड्राय शैंपू

जब आपके पास बालों को शैंपू करने का समय ना हो तो, आपको ड्राय शैंपू लगाना चाहिये. इससे आपके बाल ना तो चिपचिपे होंगे और उनमें अच्छी सी खुशबू भी आती रहेगी.

लीव-ऑन कंडीशनर

बहुत सारे लीव ऑन कंडीशनर में फलों की खुशबू आती है, जो कि काफी अच्छी लगती हैं. ये बालों को नमी प्रदान करते हैं.

तकिये का कवर चेंज करें

अपने तकिये के कवर को हर हफ्ते बदलें क्योंकि तकिये के कवर पर धूल मिट्टी जल्दी भर जाती है.

हेयर मास्क लगाएं

अपने बालों में हर हफ्ते एक हेयर मास्क लगाएं. इनसे मिलने वाली खुशबू पूरे हफ्ते बालों में रहती है. इसके अलावा यह आपके बालों में मजबूती भी भरता है.

शादी में आप दिखेंगी सबसे अलग और खूबसूरत

हर लड़की की चाहत होती है कि शादी के दिन वह सबसे खूबसूरत दिखे और सब उसी की तारीफ करें. शादी के समय अधिकतर लड़कियों की पहली पसंद लहंगा-चोली होती है क्योंकि यह ट्रेडीशनल ड्रेस है और स्मार्ट लुक देती है. वैसे तो मार्केट में बेहद खूबसूरत लहंगा-चोली मिलती हैं लेकिन याद रखें, शादी की ड्रेसेज खरीदने अकेली नहीं जाएं. कम से कम 2-3 लोगों के साथ जाकर खरीदारी करें ताकि ये तय करना आसान हो कि किस दिन-किस रस्म में कौन सी ड्रेस आप पर फबेगी.

ड्रेस चुनते समय ध्यान रखें

– यह जरूरी नहीं कि हर किसी पर हर तरह की ड्रेस खूबसूरत लगे. अत: ये ध्यान रखा जाए. दुबली लडकियों को लहंगा अपनी नाभि से थोड़ा ऊपर बांधना चाहिए जिससे कर्व्ज नजर आएंगे और आप खूबसूरत लगेंगी.

– पतली लड़कियों पर नेट का लहंगा, जिसमें 32 कलियां हों, खूब फबता है और उनके दुबले पतलेपन को भी छिपाता हैं.

– मोटी लड़कियों को लहंगा नाभि से कुछ नीचे बांधना चाहिए, इससे आपका ऊपर का हिस्सा लंबा लगेगा. मोटी लडकियों के ब्रेस्ट हैवी होते है इसलिए उन्हें कभी पफ स्लीव्ज नहीं पहननी चाहिए, मोटी लडकियों को डीप नैक ब्लाउज पहनने चाहिए. – मोटी लड़कियों पर सॉफ्ट कपड़े ही अच्छे लगते हैं. उन्हें लेस, नैट के दुपट्टे नहीं खरीदने चाहिए क्योंकि ये पहनने के बाद आप और मोटी लगेंगी. मोटी लड़कियों को जार्जेट, सिल्क के कपड़े खरीदने चाहिए इनको पहनने से मोटापा कम दिखता है.

– लंबी लड़कियों को कंट्रास्ट रंग की ड्रेस खरीदनी चाहिए जिस पर चौड़े बौर्डर इस्तेमाल किए गए हों. लंबी लड़कियों पर छोटे ब्लाउज बहुत अच्छे लगते हैं.

– जिन लड़कियों की लंबाई कम हो उन्हें लहंगा चोली सिंगल कलर में खरीदना चाहिए और ड्रेस में ज्यादा चौडे बोर्डर का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए. कम लंबी लड़कियों को ब्लाउज नहीं पहनना चाहिए, इसकी जगह चोली या कुर्ती पहन सकती हैं.

भारतीय समाज में विवाह की रस्में कई घंटे चलती हैं इसलिए ब्राइडल ड्रेस खरीदते समय कंफर्ट को अनदेखा न करें. आप को चाहिए कि ड्रेस शादी के दिन से 2 माह पहले ही खरीद लें जिससे ऐन वक्त किसी तरह की उलझन न रहे व आप शादी की हर रस्में आराम से निभा पाएं.

– इन दिनों कलीदार लहंगे सबसे ज्यादा फैशन में हैं जिनमें सबसे ज्यादा मल्टी कलर्ड, कलियों वाले, घेरदार लहंगे खूब पसंद किए जा रहे हैं. आजकल मिक्स एंड मैच का ट्रैंड है इसलिए लहंगों में भी कलियां डालने के लिए अलग-अलग फैब्रिक का प्रयोग किया जा रहा है. ज्यादातर लहंगे के निचले घेरे में चौड़े और पतले, बनारसी और एंब्रायडर्ड बोर्डर मिक्स एंड मैच किए जा सकते हैं.

– इन दिनों जार्जेट, क्रेप, साटन, सिल्क, बनारसी मैटीरियल का फैशन है. दोबारा कंट्रास्ट का फैशन आ गया है. लहंगे और ब्लाउज दोनों कंट्रास्ट कलर में होते हैं. मैंगो येलो, औरेंज, गोल्डन बेज के साथ रैड, मैरून आदि कलर आपको मार्केट में आसानी से मिल सकते हैं. नैट के लहंगे 64 कली तक के बन रहे हैं जिसके नीचे चौडा बोर्डर लगा मिलेगा.

– ब्लाउज इन दिनों ब्रोकेड के, डीप नैक वाले चलन में हैं. छोटे ब्लाउज के बैक में डोरियों वाली लंबी कुर्तियां भी फैशन में हैं.

– आजकल दुपट्टे खूब लंबे और चौड़े आ रहे हैं. इनकी लंबाई कम से कम 3 मीटर तक होती है. ये दुपट्टे हैवी वर्क व एंब्रायडरी के होते हैं जिन्हें आप अपनी ड्रेस के साथ अलग-अलग स्टाइल में ओढ़कर डिफरैंट लुक पा सकती हैं.

दिल्ली में भी खुलेगा मैडम तुसाद म्यूजियम

दुनिया भर में सिलेब्स के मोम के पुतलों के लिए मशहूर मैडम तुसाद अब दिल्ली में दिखाई देगा. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दुनियाभर के प्रतिष्ठित संग्रहालय में से एक मैडम तुसाद बीते 250 सालों से मोम के पुतले बनाने के लिए मशहूर है. म्यूजियम को दिल्ली लाने का काम यूरोप की मशहूर मीडिया एंटरटेनमेंट कंपनी मर्लिन एंटरटेनमेंट्स करेगी.

तुसाद के दिल्ली स्टूडियो में बॉलीवुड से लेकर हॉलीवुड की मशहूर हस्तियों के पुतले मौजूद होंगे. सिर्फ फिल्म जगत से ही नहीं बल्कि खेल, म्यूजिक के क्षेत्र की बड़ी हस्तियों के मोम के पुतले भी यहां नजर आएंगे. यह स्टूडियो दिल्ली के कनॉट प्लेस में रीगल सिनेमा के पास ही स्थापित किया जाएगा और 2017 में इसका उदघाटन होगा.

दिल्ली में खुलने वाला यह स्टूडियो 22वां मैडम तुसाद स्टूडियो होगा. न्यू ओपनिंग ऑफिसर जॉन जैकॉबसन ने कहा, ‘साल 2000 में मैडम तुसाद में अमिताभ बच्चन के वैक्स पुतले को जगह मिली थी, तब से भारतीयों के बीच मैडम तुसाद की लोकप्रियता बहुत बढ़ गई थी.’

यहां अमिताभ बच्चन के अलावा शाहरुख खान, ऐश्वर्या राय, करीना कपूर खान और रितिक रोशन जैसी मशहूर बॉलीवुड हस्तियों के पुतले भी मौजूद होंगे. इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सचिन तेंदुलकर का पुतना भी लोग काफी नजदीक से देख पाएंगे.

कंपनी के प्रमुख जॉन जैकबसन ने कहा, “साल 2000 में जब से हमने अमिताभ बच्चन की प्रतिमा को लंदन स्थित ‘मैडम तुषाद संग्रहालय’ में जगह दी है, हमने देखा है कि किस तरह संग्रहालय में आने वाले भारतीय लोगों की संख्या में इजाफा हुआ है.”

प्रियंका जग्गा की बिग बॉस में वाइल्ड कार्ड एंट्री

बिग बॉस के दसवें सीजन में फाइनली वाइल्ड कार्ड एंट्री का वक्त आ गया है. इस वीकेंड पर चार नए सेलिब्रिटी वाइल्ड कार्ड के जरिए घर में दाखिल होंगे, जिनमें एक नाम प्रियंका जग्गा भी है. जी हां, महज हफ्तेभर बाद बेघर हुईं प्रियंका इस वीकेंड घर में लौट रही हैं.

प्रियंका जग्गा कॉमनर टीम की सबसे स्ट्रांग कंटेस्टेंट थीं. उनके इविक्शन ने सबको हैरान किया था, मगर शायद बिग बॉस का घर प्रियंका को भुला नहीं सका और अब उनकी वापसी हो रही है. वैसे प्रियंका के साथ तीन और कंटेस्टेंट्स वाइल्ड कार्ड एंट्री कर रहे हैं. ये हैं मॉडल जेसन शाह, टीवी एक्ट्रेस अपर्णा तिलक और साहिल आनंद.

जेसन मूल रूप से ब्रिटिश हैं और इस साल फितूर में नजर आ चुके हैं. वो बॉलीवुड में संभावनाएं तलाशने के लिए मुंबई में अपना डेरा जमाए हुए हैं.

साहिल आनंद टीवी एक्टर भी हैं और घर की बिंदास कंटेस्टेंट बानी जे के अच्छे दोस्त हैं. चौथी एंट्री हैं ऐलेना कजान, जिन्होंने एजेंट विनोद में अभिनय किया था.

छोटे पर्दे पर वापसी कर रहे हैं किंग खान

शाहरुख खान ने टीवी जगत से अपने करियर की शुरुआत की थी और आज वो बॉलीवुड के बादशाह बन चुके हैं. बॉलीवुड में अपनी पहचान बनाने के बाद भी समय-समय पर शाहरुख ‘कौन बनेगा करोड़पति’ और दूसरे रियलिटी शो के जरिए छोटे पर्दे पर अपनी मौजदूगी दर्ज कराते रहे हैं.

शाहरुख खान एक बार फिर छोटे पर्दे पर जलवा दिखाने के लिए तैयार हैं. जी हां, शाहरुख खान जल्द ही टेलीविजन पर वापसी करने वाले हैं. इस बार उनकी वापसी एक अंतरराष्ट्रीय फॉर्मेट पर आधारित शो के साथ होगी.

शाहरुख ने कहा ‘टेलीविजन शो के लिए प्रस्ताव आते रहते हैं, लेकिन यह उनके हाथ में नहीं है कि किस तरह के प्रस्ताव उनके पास आंए. बल्कि यह टेलीविजन चैनलों पर निर्भर करता है कि वे किस तरह के कार्यक्रम उनके पास लाते हैं.

शाहरुख ने कहा ‘मैं इन दिनों जिस शो पर काम कर रहा हूं वह बहुत आला दर्जे का है. ‘टेड (टीईडी) टॉक्स’ पर आधारित यह टेलीविजन कार्यक्रम काफी बौद्धिक है. मुझे टेड टॉक्स काफी पसंद है, टेड का मतलब है टेक्नॉलोजी, एजुकेशन, डिजायन (तकनीक, शिक्षा और रचनात्मकता) है.’

बॉलीवुड के सबसे सफल अभिनेताओं में शुमार शाहरुख ने कहा ‘इस शो में ऐसे लोग अपनी बातें साझा करते हैं, जो दुनिया में बदलाव के वाहक बने हैं और मेरे लिए ये शो दिलचस्प है, बहुत ज्याद दिलचस्प है. यह ज्यादा लंबा नहीं सिर्फ 5-6 एपिसोड का शो होगा.’

किंग खान ने कहा ‘शो का निर्माण एक अंतरराष्ट्रीय संस्था कर रही है और टेलीविजन पर अपनी तरह का यह पहला शो होगा. यह काफी उत्कृष्ट शो होगा.’

गौरतलब है कि 1989 में ‘फौजी’ सीरियल से टीवी की दुनिया में कदम रखने वाले शाहरुख ने बॉलीवुड में पहचान बनाने के बाद टीवी पर ‘कौन बनेगा करोड़पति’ और ‘क्या आप पांचवीं पास से तेज हैं?’ जैसे शोज को होस्ट कर चुके हैं.

आइब्रो शेप दे आपको खास लुक

हर लड़की चाहती है कि वह सुंदर दिखे. इसके लिए वह पार्लर जाती है. आमतौर पर देखा जाता है कि लड़कियां सुंदर दिखने के लिए अपनी आई ब्रो को लेकर बेहद क्रेजी रहती हैं. वह कम उम्र में ही थ्रेडिंग बनवाने लग जाती हैं.

चेहरे पर मेकअप के साथ-साथ सही आईब्रो का शेप आपके लुक को और भी खूबसूरत बना सकता है. इसलिए जरूरी है यह जानना कि आपके फेस पर किस तरह की आइब्रो अच्छी लगेगी. जानिए, आईब्रो के शेप और कलर से जुड़ी कुछ जरूरी बातें…

– किसी की दोनों आइब्रो पूरी तरह से एक बराबर नहीं होती है. इसलिए ध्यान रहे कि इन्हें एकसमान बनाना बहुत ज़रूरी है. छोटी-बड़ी आइब्रो आपकी सुंदरता बिगाड़ सकती हैं.

– बड़ी आंखों वाली महिलाएं अपनी आइब्रो ज्यादा मोटी ना रखें.

-पतली आंखों वाली महिलाएं मोटी आइब्रो रख सकती हैं.

-आइब्रो का आखिरी टिप कभी भी आइब्रो के शुरुआती टिप से बड़ा न रखें.

-ध्यान रहे कि ब्रो होरिजन लाइन पर या थोड़ा ऊंची रखें लेकिन नीचे कभी ना रखें.

-आइब्रो ज्यादा पतली ना करें, इससे आपका लुक मैच्योर लगेगा.

-आइब्रो पर उसी कलर की पेंसिल और पाउडर का इस्तेमाल करें, जिस कलर की वो हैं.

थ्रेडिंग कराने से पहले पाउडर का उपयोग करें. इससे बाल आसानी से निकल जाते है. आई ब्रो बनवाने से पहले मिंट टूथपेस्ट का इस्तेमाल भी आप कर सकती हैं. थ्रेडिंग के बाद क्रीम या मॉइश्चराजर का इस्तेमाल करें. इससे आप बेहद राहत महसूस करेंगी. यदि आपकी आई ब्रो की ग्रोथ अधिक है तो ज्यादा समय तक बढ़ने ना दें. ज्यादा बड़े बाल होते है तो दर्द भी ज्यादा होता है.

इतिहास से रूबरू होने का सुनहरा मौका

आजादी की लड़ाई के समय सैंकड़ों देशभक्त जेल गए थे. कुछ को तो अंग्रेजों ने छोड़ दिया था और उन्होंने देश का इतिहास लिखा, पर कुछ ने हंसते हंसते मौत को गले लगा लिया था. अब आपके पास एक सुनहरा मौका उन मस्तानों को थोड़ा और करीब से जानने का. जेल टूरिज्म विदेशों में बहुत प्रचलित पर भारत में यह अभी चलन में नहीं आया है. साउथ अफ्रीका के रोबेन आइलैंड को देखने के लिए कई सैलानी आते हैं. यहां नेलसन मेंडेला को बंदी बनाकर रखा गया था. भारत के अंडमान के सेलुलर जेल को देखने के लिए हर साल कई सैलानी आते हैं.

पर महाराष्ट्र सरकार सैलानियों के लिए अपने जेलों के दरवाजें खोलने जा रही है. महाराष्ट्र में कई ऐतिहासिक जेल हैं जहां शोध और घूमने के लिए कई सैलानी आते हैं. जितने भी ऐतिहासिक महत्तवता के जेल हैं उन्हें हफ्ते में कुछ दिनों के लिए सीमित समय के लिए खोला जाएगा.

महाराष्ट्र के यरवदा जेल में ही महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू, बाल गंगाधर तिलक, वीर सावरकर जैसे स्वतंत्रता सेनानियों को आजादी की लड़ाई के समय रखा गया था. जरा सोचिए इस जेल की दीवारों के सहारे बैठकर ही उन्होंने अपनों को खत लिखे थे. हाल ही में मशहूर बौलीवुड अभिनेता संजय दत्त को भी यहीं रखा गया था. जेल के रिकार्ड से आप स्वतंत्रता सेनानियों के बारे में जानकारियां हासिल कर सकती हैं.

इन सब के अलावा आप जेल की बनावट और संरचना को भी देख सकती हैं. इतिहास और स्थापत्यकला में रूची रखने वालों के लिए तो यह बेस्ट प्लेस होगा.

तेलंगाना में रह सकते हैं जेल में

जेल टूरिजम को बढ़ावा देने के लिए तेलंगाना में 220 साल पुराने संगरेड्डी जेल में यात्रियों के ठहरने की सुविधा भी है. यह कोई मजाक नहीं बल्कि हकीकत है, अगर आप कुछ घंटें एक जेल की कोठरी में बिताना चाहती हैं तो कुछ रुपए देकर आप ऐसा कर सकती हैं. आपके पास अपनी यूनिफॉर्मस स्टील मग, बिस्तर होगा. पर आपको जेल का खाना नहीं मिलेगा.

जेल जाना चाहती हैं तो देर मत करिए बस बुकिंग करिए और जेल का एक्सपीरियंस लीजिए.

नेल पेंट लगाने का शौक पड़ ना जाए महंगा

फैशन के इस दौर में नेलपेंट को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता. नेल पेंट लगाना यूं तो हर लड़की को अच्छा लगता हैं. नेल पेंट नाखूनों की खूबसूरती को तो निखारते हैं, लेकिन हद से ज्यादा इस्तेमाल करने से कई बार नाखून कमजोर हो जाते हैं. अगर आप सोच रही हैं कि इससे क्या नुकसान हो सकता है, तो बता दें कि रोजाना बदल-बदल कर नेलपेंट लगाना आपके नाखूनों को खराब कर सकता है. इससे वे क्रैक होने लगते हैं और उनकी शाइनिंग खत्म होती जाती है. इसलिए जब भी नेलपेंट लगाएं तो ये सावधानियां जरूर बरतें.

घटिया क्वालिटी की नेल पॉलिश

सस्ती नेल पॉलिश में ऐसे केमिकल होते हैं जो आपके नाखूनों को रूखा-सूखा बना देते हैं. इसीलिए ऐसी नेल पॉलिश का इस्तेमाल करें जिनमें कम केमिकल हों. बाज़ार में विटामिन वाली नेल पॉलिश भी मिलती हैं जो नाखूनों को पोषण देकर उन्हें स्वस्थ बनाती हैं.

एसिटोन वाले रिमूवर का इस्तेमाल

अगर आप 2-3 दिनों में नेल पॉलिश बदलती हैं तो इसका मतलब है कि आप ढेर सारे रिमूवर का भी इस्तेमाल करती हैं. नेल पॉलिश रिमूवर में एसिटोन होता है जो नाखूनों में मौजूद नैचुरल ऑयल और नमी को सोख लेता है और नाखूनों के आसपास की त्वचा सूख जाती है.

बेस कोट न लगाना

फंगस आदि की वजह से आपके नाखून पीले हो जाते हैं लेकिन बेस कोट के बिना लगी नेल पॉलिश से भी आपके नाखून पीले पड़ जाते हैं. इसलिए उन पीले धब्बों से बचने के लिए हमेशा बेस कोट लगाएं.

नेल पॉलिश खुरचने की आदत

वैसे यहां दोष नेल पॉलिश का नहीं बल्कि आपकी उस बुरी आदत का है जहां आप अपने नेल पॉलिश खुचरती रहती हैं. जब आप उखड़ रही नेल पॉलिश को नाखूनों से खुरचती हैं तो आपके नाखून की ऊपरी सुरक्षा परत भी निकल जाती है. जिससे नाखून कमजोर हो जाते हैं.

नाखूनों को ब्रेक नहीं मिलता

हमेशा नेल पॉलिश लगाए रहने से आपके नाखूनों को ब्रेक नहीं मिलता जिससे नाखूनों की परत पतली होकर टूटने लगती हैं. इसलिए कुछ दिनों के लिए नेल पॉलिश न लगाएं. रोज़ाना 10-15 मिनट के लिए अपने नाखूनों को गर्म पानी में डुबोकर रखें ताकि वे हाइड्रेट हो सकें.

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