मार्क ट्वेन ने अपनी एक कविता ‘युद्ध भूमि में प्रार्थना’ में लिखते हैं भगवान से पहले युद्ध के समय दोस्त काम आते हैं और भगत सिंह समाजवादी दर्शन की विवेचना करते हुए कहते हैं, ‘किसी भी इज्म से, दर्शन से, बड़ा फलसफा है दोस्ती का.’ शायद यही वजह है कि चाहे दुनिया पहिए से राॅकेट युग में पहुंच गई हो; लेकिन दोस्ती की संवेदना में, दोस्ती की भावना में जरा भी फर्क नहीं आया.

Digital Plans
Print + Digital Plans

साथ ही मिलेगी ये खास सौगात

  • 2000 से ज्यादा कहानियां
  • ‘कोरोना वायरस’ से जुड़ी सभी लेटेस्ट अपडेट
  • हेल्थ और लाइफ स्टाइल के 3000 से ज्यादा टिप्स
  • ‘गृहशोभा’ मैगजीन के सभी नए आर्टिकल
  • 2000 से ज्यादा ब्यूटी टिप्स
  • 1000 से भी ज्यादा टेस्टी फूड रेसिपी
  • लेटेस्ट फैशन ट्रेंड्स की जानकारी
Tags:
COMMENT